'जितने केस दर्ज करने हैं कर लीजिए, सनातन की रक्षा के लिए आवाज उठाता रहूंगा': पप्पू यादव का बयान

सांसद पप्पू यादव ने राम मंदिर चढ़ावे से जुड़े कथित विवाद को लेकर संसद भवन परिसर में गेरुआ वस्त्र पहनकर सांकेतिक प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि सनातन धर्म से जुड़े मुद्दों पर आवाज उठाते रहेंगे और उनके खिलाफ चाहे जितने मामले दर्ज किए जाएं, वह पीछे नहीं हटेंगे। पप्पू यादव ने पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग करते हुए कहा कि धार्मिक आस्था से जुड़े मामलों में सच्चाई सामने आनी चाहिए। उनके प्रदर्शन के बाद इस मुद्दे पर राजनीतिक चर्चा तेज हो गई है।

Aug 02, 2026 - 16:12
0 0
'जितने केस दर्ज करने हैं कर लीजिए, सनातन की रक्षा के लिए आवाज उठाता रहूंगा': पप्पू यादव का बयान

बिहार के सांसद पप्पू यादव ने राम मंदिर चढ़ावे से जुड़े कथित विवाद को लेकर अपना विरोध दर्ज कराते हुए कहा है कि वह सनातन धर्म से जुड़े मुद्दों पर अपनी आवाज उठाते रहेंगे, चाहे उनके खिलाफ कितने भी मामले दर्ज किए जाएं। उन्होंने कहा कि वह किसी दबाव में पीछे हटने वाले नहीं हैं और धार्मिक आस्था से जुड़े मामलों में जनता की भावनाओं को सामने रखते रहेंगे।

पप्पू यादव शुक्रवार को संसद भवन परिसर में गेरुआ वस्त्र पहनकर पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने राम मंदिर में चढ़ाए जाने वाले चढ़ावे को लेकर कथित चोरी के आरोपों के विरोध में सांकेतिक प्रदर्शन किया। उनके इस प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा तेज हो गई है।

सांसद ने कहा कि उनका उद्देश्य किसी की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं, बल्कि पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग करना है। उन्होंने कहा कि अगर किसी धार्मिक स्थल या उससे जुड़े संसाधनों को लेकर सवाल उठते हैं, तो उनकी जांच होनी चाहिए और सच्चाई सामने आनी चाहिए।

पप्पू यादव ने अपने बयान में कहा कि वह सनातन धर्म और उससे जुड़े मुद्दों की रक्षा के लिए लगातार आवाज उठाते रहेंगे। उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ कार्रवाई या मुकदमे दर्ज होने से वह अपने रुख से पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि सरकार या प्रशासन जितने मामले दर्ज करना चाहे कर सकता है, लेकिन वह जनहित के मुद्दों को उठाना जारी रखेंगे।

संसद परिसर में उनके गेरुआ वस्त्र पहनकर प्रदर्शन करने को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रिया भी सामने आई है। समर्थकों ने इसे धार्मिक मुद्दों पर आवाज उठाने का प्रयास बताया, जबकि विरोधियों ने इसे राजनीतिक प्रदर्शन करार दिया।

पप्पू यादव पहले भी कई सामाजिक और जनहित के मुद्दों को लेकर मुखर रहे हैं। वह समय-समय पर सरकार और प्रशासन के फैसलों पर सवाल उठाते रहे हैं और विभिन्न मुद्दों को लेकर विरोध प्रदर्शन करते रहे हैं। इस बार उन्होंने धार्मिक आस्था से जुड़े विषय को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया है।

राम मंदिर से जुड़े चढ़ावे का मुद्दा धार्मिक और भावनात्मक रूप से संवेदनशील माना जाता है। मंदिरों में आने वाले चढ़ावे और उसके प्रबंधन को लेकर समय-समय पर पारदर्शिता की मांग उठती रही है। इसी संदर्भ में पप्पू यादव ने भी अपनी मांगों को सामने रखा है।

उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर व्यक्ति को अपनी बात रखने का अधिकार है और वह इसी अधिकार के तहत अपनी आवाज उठा रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी मामले में जांच की जरूरत है तो निष्पक्ष तरीके से जांच होनी चाहिए, ताकि किसी तरह का भ्रम या विवाद न रहे।

फिलहाल पप्पू यादव के इस बयान और संसद परिसर में किए गए प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक बहस जारी है। उनका कहना है कि वह आगे भी सनातन और जनभावनाओं से जुड़े मुद्दों पर अपनी बात रखते रहेंगे और किसी भी दबाव के कारण अपने अभियान को नहीं रोकेंगे।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Wow Wow 0
Sad Sad 0
Angry Angry 0

Comments (0)

User